एक पिता मरने से पहले अपने बेटे से शिक्षा देकर
कहता है,बेटा....
थोड़ा सा चन्दन, और कोयला लेकर आओ।
बेटा जाता है और ,एक हाथ में चन्दन,और....
दूूसरे हाथो मे कोयला
लेकर दौड कर आता हैं।
और अपने पिता से बोलता है, कि हे पिता जी मै
कोयला और चन्दन साथ लेकर आया....
तब पिता अपने बेटे से बोलता है, दोनो वही रख
कर मेेरे पास आओ।
बेटा वही दोनो चीज रख
देता है, और अपने पिता के
पास जाता है।
तब पिता अपने बेटा से...
कहता है...बेटा ...
जिस हाथ मे चन्दन था
उस हाथ को आगे लाओ..
तब बेटा उस हाथ को आगे
करता है,तब पििता कहता है कि, बेेेटा, यह हाथ देखो कितनी तेजी के साथ महक रहा है।...इसी तरह
अगर सही लोगों का साथ
करोगे तो तुुम्हारी सदा यू ही चन्दन की खुशबू की
तरह महकती रहेगी... अब
दूसरा हाथ दिखाओ...
बेटा दूसरा हाथ दिखाता है,
जिसमें कालिख लगी होती है...पिता कहता है,...
बेटा गलत लोगों का साथ
करोगे तो, तुम्हारी जिन्दगी
इस कोयले की तरह काली हो जायेगी....
इसी लिए तो कहते है,सही लोगों की संगति
क्षान की ओर ले जाता है।.....
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